इस लेख में हमने महंगाई पर निबंध हिंदी में (Essay on Inflation in Hindi) लिखा है। जिसमें महंगाई का अर्थ, कारण, प्रभाव, महंगाई रोकने के उपाय तथा महंगाई पर 10 वाक्यों को बेहद सरल और आकर्षक रूप से लिखा है।
प्रस्तावना महंगाई पर निबंध Essay on Inflation in Hindi (1000 Words)
आधुनिक समय में विज्ञान की सहायता से मनुष्य ने प्रशंसनीय प्रगति की है। अपने सुख सुविधा के लिए कई सारे आविष्कार किए हैं, जो जीवन को अत्यंत सरल बना देते हैं।
अपनी आजीविका चलाने के लिए हर जरूरी सुविधाएं उपलब्ध हैं। लेकिन आज के समय में बढ़ती जनसंख्या के कारण सभी लोगों तक यह सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो पाती हैं।
वर्तमान समय में वस्तुओं के मूल्य में काफी अंतर देखा जाता है। प्रगति के साथ ही दिन प्रतिदिन वस्तुओं की कीमत भी बढ़ती जा रही है।
महंगाई से सबसे अधिक प्रभावित होने वाले लोग मध्यमवर्गीय तथा गरीब लोग होते हैं। कई बार ऐसा देखा जाता है कि महंगाई के कारण अमीर लोग और भी अमीर बन जाते हैं, और गरीब अत्यंत गरीब हो जाते हैं।
किसी भी देश की अर्थव्यवस्था को महंगाई पूरी तरह से चौपट कर देती है। महंगाई वास्तव में एक ऐसी आपदा है, जो किसी भी देश के विकास को रोक देती है।
महंगाई क्या है? What is Inflation in Hindi?
समय के साथ किसी भी देश के अर्थव्यवस्था में माल और सेवाओं की कीमतों में होने वाले सामान्य बढ़ोत्तरी को महंगाई कहा जाता है।
दूसरे शब्दों में कहें तो जब मांग और आपूर्ति में असंतुलन के कारण वस्तुओं और सेवाओं की कीमतें बढ़ जाती हैं, तो उसे महंगाई का नाम दिया जाता है।
महंगाई के कारण किसी भी देश की मुद्रा की क्रय शक्ति में भारी गिरावट हो जाती है। अर्थात पहले जितनी मुद्रा में माल और सामग्री की मात्रा आती थी, वह कम हो जाती है।
यह न केवल किसी देश की समस्या है बल्कि यह एक वैश्विक समस्या बनती जा रही है। दुनिया में हर रोज नए अविष्कार किए जाते हैं, किंतु ऐसा कोई भी आविष्कार नहीं किया गया है, जिससे महंगाई के कारण उत्पन्न होने वाले गरीबी को पूरी तरह खत्म किया जा सके।
बाजारों में दिन-ब-दिन चीजें महंगी होती जा रही है। एक गरीब इंसान के लिए सामान्य वस्तुओं की खरीदी भी बहुत महंगी हो गई है।
महंगाई के कारण Reasons for Inflation in Hindi
महंगाई के अनेकों कारण है, जिसकी वजह से यह रुकने का नाम ही नहीं ले रही है। इसके कुछ मुख्य कारण नीचे दिए गए ,हैं जो देश में मूल्य बढ़ोतरी के लिए जिम्मेदार हैं-
जनसंख्या वृद्धि Population growth: भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश है। जनसंख्या वृद्धि वास्तव में सभी समस्याओं की जड़ है।
बढ़ती आबादी के कारण देश में उपभोक्ताओं की मात्रा अधिक होती जा रही है और उत्पादन सीमित हो गया है। जिसके कारण गरीबी और महंगाई जैसी समस्याएं उत्पन्न हो गई हैं।
मुद्रा की अधिकता Currency surplus: जब किसी भी चीज की अधिकता हो जाती है, तो वह एक नकारात्मक स्वरूप लेने लगता है। अधिक मुद्राकरण महंगाई के लिए सबसे ज्यादा जिम्मेदार है।
मुद्रास्फीति की अधिकता अर्थव्यवस्था के लिए बहुत हानिकारक होता है। यदि सभी के पास खरीदारी करने के लिए पर्याप्त धन उपलब्ध होगा तो स्रोत सीमित हो जाएंगे। मांग की आपूर्ति न होने के कारण परिणाम स्वरूप महंगाई की समस्या उत्पन्न होती है।
अति मुद्राकरण के कारण महंगाई बढ़ने का एक बेहतरीन उदाहरण वेनेजुएला देश है। इस देश की सरकार ने अपने देश में से गरीबी खत्म करने के मुद्रीकरण की मात्रा बहुत बढ़ा दी, जिससे देश में भयंकर महंगाई और गरीबी आज भी यहां देखी जा सकती है।
भ्रष्टाचार Corruption: कई बार बड़े- बड़े व्यापारियों और अन्य लोगों द्वारा सैकड़ों मात्रा में चीजों की जमाखोरी की जाती है। यह वस्तुएं गोदाम में पड़े-पड़े खराब हो जाती हैं। आवश्यकता पड़ने पर देश में आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति नहीं हो पाती इसके परिणाम स्वरूप वस्तुओं का मूल्य आसमान छूने लगता है।
अधिकतर भ्रष्टाचार देश के लालची नेताओं द्वारा ही किया जाता है, जिसका परिणाम केवल गरीबों और सामान्य वर्ग के लोगों को ही झेलना पड़ता है।
महंगाई के प्रभाव Effects of Inflation in Hindi
निश्चित आय वर्ग Fixed income group : इस वर्ग में सभी लोगों का समावेश होता है, जैसे- अध्यापक, कर्मचारी, श्रमिक, डॉक्टर इत्यादि। वस्तुओं और सेवाओं का मूल्य बढ़ने के कारण निश्चित आय वर्ग की क्रय शक्ति बहुत गिर जाती है।
वास्तव में महंगाई की सबसे अधिक मार निश्चित आय वर्ग वाले लोगों को ही झेलना पड़ता है।
कर (tax) भुगतान पर On Tax Payment:: महंगाई के कारण सरकार के सार्वजनिक व्यय में अधिक वृद्धि हो जाती है। सरकार अपने खर्चों की पूर्ति करने के लिए आवश्यक वस्तुओं और सेवाओं पर नए-नए कर थोप देती है और पुरानी करो में वृद्धि कर देती है। परिणाम स्वरूप वस्तुओं की कीमतों में वृद्धि होने से महंगाई का उदय हो जाता है।
उत्पादन मूल्य Production Value: जिन वस्तुओं का अधिक उत्पादन किया जाता है, एक समय बाद उसकी कीमत पूरे देश में बढ़ जाती है। वस्तुओं के उत्पादन मूल्य में बढ़ोतरी से मजदूर वर्ग और सामान्य वर्ग को भुगतान किए जाने वाले वेतन में कमी आ जाती है तथा व्यापारी वर्ग को ही बस लाभ मिलता है। इसके कारण बेरोजगारी की समस्या और महंगाई में वृद्धि हो जाती है।
निवेश कर्ताओं पर On Investors: सामान्य तौर पर निवेशकर्ताओं के दो प्रकार होते हैं। पहले प्रकार के निवेशकर्ताओं कि आय निश्चित होती है तथा वे सरकारी विभूतियों में निवेश करते हैं।
दूसरे निवेशकर्ता संयुक्त पूंजी कंपनियों के हिस्सों को खरीदते हैं, जिसमें उनकी आय अनिश्चित होती है। आय के इस अनिश्चितता के कारण प्रथम वर्ग को दूसरे वर्ग की अपेक्षा में कम फायदा अथवा नुकसान झेलना पड़ता है।
ऋणी और ऋणदाता पर प्रभाव Impact on The Debtor and The Tender: जब ऋणदाता किसी को पैसे उधार देता है तो मुद्रास्फीति के कारण उसके पैसों का मूल्य घट जाता है। इसके कारण ऋणदाता पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है, और उसे हानि होती है।
महंगाई रोकने के उपाय Measures to Control Inflation in Hindi
महंगाई ने आज के समय में एक भयंकर रूप ले लिया है। देश में हर नागरिक महंगाई के कारण कई कठिनाइयों का सामना कर रहा है।
ऐसी परिस्थिति में देश की सरकार को महंगाई रोकने के लिए व्यवस्था करनी चाहिए। देश की सरकार जब बजट बनाती है तो उसमें आवश्यक तथा अनावश्यक चीजों पर एक जैसा ही कर लगाती है।
सरकार को अपने बजट तैयार करने की पद्धति को व्यवस्थित करना चाहिए और अनावश्यक चीजें जैसे- तंबाकू, शराब, चमड़े से बनी चीजें इत्यादि पर ही अधिक टैक्स लगाना चाहिए।
भारत एक कृषि प्रधान देश है, किंतु फिर भी सिंचाई के लिए किसानों को पर्याप्त आधुनिक सुविधा उपलब्ध नहीं है, जो हमारे लिए खेद की बात है।
महंगाई को काबू करने के लिए हमें चाहिए कि लघु तथा कुटीर उद्योगों को फिर से शुरू किया जाए और लोगों को रोजगार दिया जाए। सरकारी अर्थतंत्र को चाहिए कि वह कालाबाजारी और जमाखोरी पर रोक लगाने के लिए कड़े नियम कानून बनाए।
हमारे देश में शिक्षा की उपलब्धि एक बड़ी चुनौती है। अनपढ़ होने के कारण लोगों को कहीं भी रोजगार नहीं मिल पाता। जिससे देश में बेरोजगारी की समस्या उत्पन्न होती है।
सरकार को चाहिए कि वह सभी जगहों पर सरकारी स्कूलों और कॉलेजों की स्थापना करें जिससे सभी को शिक्षित होने का अवसर मिले।
महंगाई पर 10 वाक्य Best 10 lines on Inflation in Hindi
- महंगाई एक वैश्विक महामारी है, जिसने ज्यादातर देशों को अपनी चपेट में ले लिया है।
- बढ़ती जनसंख्या मंगाई का एक मुख्य वजह है।
- महंगाई सबसे अधिक गरीब लोगों और सामान्य वर्ग के लोगों को प्रभावित करता है।
- अर्थव्यवस्था में मांग तथा वस्तु और सामग्रियों की मात्रा में कमी होने के कारण वस्तुओं का मूल्य बढ़ जाता है।
- आज के वैज्ञानिक युग में भी ऐसे कई देश हैं जिनमें भयंकर महंगाई देखी जाती है।
- सरकारी आंकड़ों के मुताबिक खाद्य पदार्थों की महंगाई दर हर वर्ष बढ़ती जा रही है।
- महंगाई के कारण देश की अर्थव्यवस्था डूब जाती है और देश का विकास रुक जाता है।
- प्राकृतिक आपदाओं के आने के कारण भी महंगाई में वृद्धि होती है।
- महंगाई के कारण आम लोग अपनी आजीविका चलाने में असमर्थ रहते हैं।
- वेनेजुएला दक्षिण अफ्रीका का एक देश है, जिसमें अधिक अति मुद्रीकरण के कारण महंगाई बहुत ज्यादा बढ़ गई है।
निष्कर्ष Conclusion
इस लेख में आपने महंगाई पर हिंदी में (Essay on Inflation in Hindi) निबंध पढ़ा। आशा है यह लेख आपके लिए सहायक सिद्ध हो। यदि यह निबंध आपको अच्छा लगा हो तो शेयर जरूर करें।Categories